EV बैटरी और ग्रीन एनर्जी थीम पर दांव लगाने वाले निवेशकों के लिए ग्रेफाइट इंडिया का ताजा कदम काफी चर्चा में है। कंपनी ने सिंथेटिक ग्रेफाइट एनोड मटेरियल्स में बड़ी कैपेक्स प्लानिंग का ऐलान किया है, जो सीधे‑सीधे इलेक्ट्रिक व्हीकल बैटरी वैल्यू चेन से जुड़ा हुआ है।
₹4,330 करोड़ का बड़ा निवेश प्लान
ग्रेफाइट इंडिया के बोर्ड ने लगभग ₹4,330 करोड़ के निवेश को मंजूरी दी है, जो नई बिजनेस लाइन सिंथेटिक ग्रेफाइट एनोड मटेरियल्स यानी SGAM के लिए किया जाएगा। यह मटेरियल लिथियम‑आयन बैटरी सेल्स के एनोड में इस्तेमाल होता है और EV बैटरी इकोसिस्टम की अहम कड़ी माना जाता है। कंपनी इस कैपेक्स को फेज़‑वाइज तैनात करेगी और इसके लिए फंडिंग का इंतजाम डेब्ट और इंटरनल एक्रूअल्स के कॉम्बिनेशन से किया जाएगा।
EV और रिन्यूएबल एनर्जी पर फोकस
कंपनी का लक्ष्य केवल बैटरी मटेरियल तक सीमित नहीं है बल्कि इस निवेश का कुछ हिस्सा रिन्यूएबल एनर्जी से जुड़े प्रोजेक्ट्स में भी लगाया जाना प्रस्तावित है। SGAM से नई रेवेन्यू स्ट्रीम तैयार करने के साथ ग्रेफाइट इंडिया खुद को तेजी से बढ़ते EV और ग्रीन एनर्जी थीम में दीर्घकालिक प्लेयर के रूप में पोजिशन करना चाहती है। बोर्ड मीटिंग 28 जनवरी 2026 को हुई, जिसमें यह प्रस्ताव अनुमोदित किया गया और कंपनी ने इसे रेगुलेटरी फाइलिंग के जरिए शेयर बाजार को जानकारी दी।
शेयर प्राइस में ताज़ा मूवमेंट
कैपेक्स अनाउंसमेंट के बाद हाल के सत्रों में ग्रेफाइट इंडिया के शेयर में तेज़ी देखी गई और खबर के दिन स्टॉक में 5% से अधिक की मजबूती दर्ज की गई। पिछले एक वर्ष में इस शेयर ने लगभग 41–42% के आसपास रिटर्न दिया है, जिससे यह मिड‑टर्म में आउटपरफॉर्मर स्टॉक्स की लिस्ट में शामिल होता दिख रहा है। टेक्निकल चार्ट पर भी स्टॉक में बुलिश सिग्नल, जैसे 20‑डे EMA क्रॉसओवर, दिखाई दिया है जो अल्पकालिक मोमेंटम को सपोर्ट करता है।
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ग्रेफाइट इंडिया की बैकग्राउंड और क्षमता
कोलकाता स्थित ग्रेफाइट इंडिया देश में ग्रेफाइट इलेक्ट्रोड और कार्बन‑ग्रेफाइट स्पेशियलिटी प्रोडक्ट्स की पायनियर कंपनियों में गिनी जाती है। पारंपरिक इलेक्ट्रोड बिजनेस के साथ अब कंपनी EV बैटरी ग्रेड एनोड मटेरियल्स की ओर कदम बढ़ा रही है, जिससे इसका प्रोडक्ट पोर्टफोलियो ज्यादा डाइवर्सिफाइड और हाई‑टेक सेगमेंट की ओर झुकता हुआ नजर आ रहा है। EV, स्टोरेज और रिन्यूएबल एनर्जी की बढ़ती डिमांड को देखते हुए कंपनी यह मानकर चल रही है कि सिंथेटिक एनोड मटेरियल्स की खपत आने वाले सालों में तेज गति से बढ़ सकती है।
यह सामग्री केवल शैक्षिक और सामान्य जानकारी के उद्देश्य से है और इसे किसी भी प्रकार की निवेश सलाह या खरीद-बिक्री की सिफारिश नहीं माना जाए। शेयर बाजार और डेरिवेटिव में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन हैं और पूंजी हानि की संभावना हमेशा बनी रहती है; निवेश का निर्णय पूरी तरह निवेशक की अपनी जिम्मेदारी है।







